
पश्चिम बंगाल की राजनीति से एक प्रेरणादायक कहानी सामने आई है, जहां मेहनत और जमीनी संघर्ष ने बड़ा मुकाम दिलाया। ऑसग्राम (एससी) सीट से बीजेपी की उम्मीदवार कलिता माजी ने शानदार जीत दर्ज करते हुए 12,535 वोटों के अंतर से चुनाव अपने नाम कर लिया।
जानकारी के मुताबिक, कलिता माजी ने तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार श्यामा प्रसन्ना लाहौर को हराया। इस चुनाव में माजी को कुल 1,07,692 वोट मिले। उन्होंने पूरे क्षेत्र में घर-घर जाकर प्रचार किया और लोगों से सीधा संवाद बनाया। उनकी इसी मेहनत का नतीजा रहा कि जनता ने उन्हें भारी बहुमत से जीत दिलाई।
कलिता माजी की कहानी बेहद संघर्षपूर्ण रही है। राजनीति में आने से पहले वह पिछले करीब 20 वर्षों तक घरेलू कामगार के रूप में काम करती थीं। वह 2 से 4 घरों में साफ-सफाई और बर्तन धोने का काम करती थीं, जिससे उन्हें हर महीने लगभग 2,500 रुपये की आमदनी होती थी। इसी कमाई से वह अपने परिवार का भरण-पोषण करती थीं।
हालांकि, यह उनकी पहली चुनावी जीत नहीं थी। इससे पहले भी बीजेपी ने उन पर भरोसा जताया था। पिछले विधानसभा चुनाव में उन्होंने लगभग 41% वोट हासिल किए थे, लेकिन उस समय उन्हें करीब 12 हजार वोटों से हार का सामना करना पड़ा था।
कलिता माजी पिछले 10 सालों से अधिक समय से राजनीति में सक्रिय हैं। उन्होंने अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत बूथ स्तर की कार्यकर्ता के रूप में की थी और बाद में पंचायत चुनाव भी लड़ा। आज उनकी यह जीत साबित करती है कि मेहनत, लगन और जनता से जुड़ाव किसी भी व्यक्ति को बड़ी सफलता दिला सकता है।