
पाकिस्तान की क्रिकेट लीग PSL को छोड़कर कई विदेशी क्रिकेटर्स IPL का रुख कर रहे हैं। ऐसा सिर्फ पैसों की वजह से नहीं, बल्कि करियर, पहचान और भविष्य के बेहतर अवसरों के कारण भी हो रहा है।
दरअसल, IPL दुनिया की सबसे बड़ी और सबसे लोकप्रिय टी20 लीग मानी जाती है। यहां खेलने वाले खिलाड़ियों को ज्यादा पैसा, ज्यादा पहचान और दुनिया भर की दूसरी फ्रेंचाइजी लीग्स में मौके मिलने की संभावना बढ़ जाती है। यही वजह है कि कई विदेशी खिलाड़ी PSL के मुकाबले IPL को प्राथमिकता दे रहे हैं।
रिपोर्ट्स के मुताबिक IPL से जुड़ी कई फ्रेंचाइजी दूसरी बड़ी लीग्स में भी सक्रिय हैं। ऐसे में खिलाड़ियों को लगता है कि IPL से जुड़ना उनके करियर के लिए लंबे समय में ज्यादा फायदेमंद साबित हो सकता है। इससे उनकी ब्रांड वैल्यू भी बढ़ती है और भविष्य में नए कॉन्ट्रैक्ट मिलने के रास्ते भी खुलते हैं।
इस विवाद ने तब ज्यादा तूल पकड़ा जब कुछ खिलाड़ियों के PSL छोड़कर IPL से जुड़ने की खबरें सामने आईं। इसके बाद PCB की तरफ से सख्त रुख अपनाया गया। पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने साफ संकेत दिए कि अगर कोई खिलाड़ी PSL कॉन्ट्रैक्ट छोड़कर IPL खेलता है तो उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।
इसके बावजूद विदेशी खिलाड़ियों का IPL की ओर झुकाव कम नहीं हुआ है। इसकी एक वजह यह भी मानी जा रही है कि IPL का आयोजन ज्यादा स्थिर, सुरक्षित और हाई प्रोफाइल माना जाता है। वहीं PSL को लेकर कई बार आयोजन, माहौल और उपलब्धता को लेकर सवाल उठते रहे हैं।
कुल मिलाकर देखा जाए तो विदेशी क्रिकेटर्स PSL की जगह IPL इसलिए चुन रहे हैं क्योंकि उन्हें यहां बेहतर कमाई, ज्यादा ग्लैमर, मजबूत करियर ग्रोथ और भविष्य के बड़े मौके नजर आते हैं। PCB की धमकी अपनी जगह है, लेकिन खिलाड़ियों के लिए IPL अब सिर्फ एक लीग नहीं, बल्कि बड़ा करियर प्लेटफॉर्म बन चुका है।